त्रिलोक सिंह ठकुरेला
Trilok Singh Thakurela
 Hindi Kavita 

त्रिलोक सिंह ठकुरेला

त्रिलोक सिंह ठकुरेला (01अक्टूबर, 1966-) का जन्म उत्तर प्रदेश राज्य के हाथरस जिले में स्थित नगला मिश्रिया गाँव में हुआ । उनके पिता श्री खमानी सिंह और माता श्रीमती देवी हैं । उनकी प्रकाशित कृतियाँ हैं: नया सवेरा (बाल साहित्य), काव्यगंधा (कुण्डलिया संग्रह), समय की पगडंडियों पर (गीत संग्रह) । उनकी सम्पादित कृतियाँ हैं: आधुनिक हिंदी लघुकथाएँ, कुण्डलिया छंद के सात हस्ताक्षर, कुण्डलिया कानन, कुण्डलिया संचयन, समसामयिक हिंदी लघुकथाएँ और कुण्डलिया छंद के नये शिखर । उनको कई राज्यों की संस्थाओं ने सम्मानित किया है। उनकी रचनाएँ कई पाठ्य-पुस्तकों में सम्मिलित की गई हैं । वह कुण्डलिया छंद के उन्नयन, विकास और पुनर्स्थापना हेतु कृतसंकल्प एवं समर्पित हैं । सम्प्रति वह उत्तर पश्चिम रेलवे में इंजीनियर हैं ।


त्रिलोक सिंह ठकुरेला हिन्दी कविताएँ

बिटिया (गीत)
करघा व्यर्थ हुआ (गीत)
हरसिंगार रखो (गीत)
मिलकर पढ़ें वे मंत्र (गीत)
खुशियों के गन्धर्व (गीत)

बाल कविताएँ त्रिलोक सिंह ठकुरेला

ऐसा वर दो
मीठी बातें
उपवन के फूल
पेड़
पापा, मुझे पतंग दिला दो
चिड़िया
देश हमारा
भोजन
पढ़ना अच्छा रहता है
मुर्गा बोला